Sunday, June 9, 2013

Aarazu..!!

कुछ दबी सी आरज़ुओ को जगाते हे,
कुछ बिखरे से ख्वाबो को सजाते हे,

एक कदम मे बढ़ाऊ एक तुम,
मिलकर कांरवाँ नया बनाते हे,

न रहे शिकवा न रहे शिकायते,
आओ जहाँ एक एसा बनाते हे,

चलो प्यार ही प्यार भर दे इस जहाँ मे,
फर्ज़ इंसानियत का अब निभाते हे..

"विरल"

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